भारत का वित्तीय घाटा वित्त वर्ष 19 के लक्ष्य के 115% तक पहुंचा

भारत के वित्तीय घाटा बढ़कर 7.17 लाख करोड़ पर पहुँच गया, यह वर्तमान वित्तीय वर्ष का लक्ष्य का 115% है। सरकार ने पहले वित्त वर्ष 2018-19 में 6.24 लाख करोड़ रुपये का लक्ष्य रखा था।

वित्तीय घाटा

वित्तीय घाटा सरकार के कुल राजस्व तथा कुल व्यय के बीच का अंतर होता है। कुल राजस्व की गणना करते समय उधार को शामिल नहीं किया जाता है। वित्तीय घाटे से उधार की आवश्यकता के बारे में संकेत मिलता है।

सरकार का राजस्व

नवम्बर, 2018 तक भारतीय राजस्व की कुल प्राप्तियां 8,96,583 करोड़ रुपये थीं। इसमें 7,31,669 करोड़ रुपये था, इसमें 1,38,637 करोड़ रुपये गैर-कर राजस्व था तथा 26,277 करोड़ रुपये गैर-ऋण पूँजी प्राप्तियां थीं। गैर-ऋण पूँजी प्राप्तियों में ऋण की रिकवरी (10,467 करोड़ रुपये) तथा सार्वजनिक उद्यम में विनिवेश (15,810 करोड़ रुपये) शामिल है।

सरकार का व्यय

सरकार का कुल व्यय 16,13,208 करोड़ रूपए था। इसमें 14,21,778 करोड़ रुपये राजस्व खाते तथा 1,91,430 करोड़ रुपये पूँजी खाते में था। राजस्व खाते के तहत 3,48,233 करोड़ रुपये ब्याज की अदायगी तथा 2,19,046 करोड़ रुपये प्रमुख अनुदान का व्यय है।

Advertisement

Month:

Categories:

Tags: , , , , ,