2022 में भारत अन्तरिक्ष में पहला मानव सहित मिशन लांच करेगा : प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 72वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर 2022 में अन्तरिक्ष में मानव भेजने की योजना की घोषणा की। इस मिशन को ‘गगनयान’ नाम दिया गया है। अतरिक्ष में मानव भेजने के लिए इसरो पिछले 15 वर्ष से कार्य कर रहा है।

नोट : यदि भारत का यह मिशन सफल रहता है तो भारत अमेरिका, रूस और चीन के अन्तरिक्ष में मानव भेजने वाला चौथा देश बन जायेगा। पूर्व भारतीय वायुसेना पायलट अन्तरिक्ष में जाने वाले पहले भारतीय थे, वे सोवियत संघ के सोयुज़ टी-11 अभियान का हिस्सा थे। यह अभियान 2 अप्रैल, 1984 को लांच किया गया था।

मुख्य बिंदु

अन्तरिक्ष उड़ान के लिए 2004 में योजना प्रस्तुत की गयी थी। इसरो अन्तरिक्ष में मानव भेजने के लिए महत्वपूण तकनीकों का परिक्षण कर रहा है। इस मिशन को 10,000 करोड़ रुपये की लागत से पूरा किया जायेगा। इसके लिए कई उपकरण तैयार किये जा चुके हैं। इसके लिए हैवी लिफ्ट लांच व्हीकल GSLV मार्क-III, रिकवरी टेक्नोलॉजी, क्रू मोड्यूल, अन्तरिक्ष यात्री प्रशिक्षण व्यवस्था, वातावरण नियंत्रण तथा लाइफ सपोर्ट सिस्टम का सफलतापूर्वक निर्माण कर लिया गया है। दिसम्बर, 2014 में GSLV मार्क-III का सफलतापूर्वक परीक्षण किया गया था। इसके बाद जून 2017 में GSLV मार्क-III की पहली डेवलपमेंटल उड़ान सफलतापूर्वक भरी थी। जुलाई, 2018 में क्रू एस्केप सिस्टम का परीक्षण सफलतापूर्वक किया गया था। अभी भी कुछ एक टेक्नोलॉजी व उपकरणों का निर्माण किया जाना बाकी है।

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